महाराष्ट्र: महाराष्ट्र राज्य माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा आयोजित की जाने वाली 10वीं (SSC) की बोर्ड परीक्षा शुक्रवार, 20 फरवरी से शुरू हो रही है। प्रदेश भर के नौ विभागीय मंडलों में होने वाली यह परीक्षा 18 मार्च तक चलेगी। शिक्षा मंडल ने परीक्षा के सुचारू संचालन और शुचिता बनाए रखने के लिए कमर कस ली है।
छात्र संख्या: एक नज़र में
राज्य माध्यमिक शिक्षा मंडल के प्रभारी अध्यक्ष नंदकुमार बेड़से ने प्रेस वार्ता में बताया कि इस वर्ष पिछले साल के मुकाबले परीक्षार्थियों की संख्या में 3,879 की मामूली वृद्धि हुई है।
- कुल पंजीकृत विद्यार्थी: 16,15,489
- छात्र (Boys): 8,65,740
- छात्राएं (Girls): 7,49,736
- ट्रांसजेंडर विद्यार्थी: 13
- कुल स्कूल: 23,683
परीक्षा केंद्रों का जाल और सुरक्षा इंतजाम
परीक्षा को निष्पक्ष और भयमुक्त वातावरण में संपन्न कराने के लिए पूरे राज्य में 5,111 मुख्य परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। अकेले मुंबई महानगर क्षेत्र (मुंबई, ठाणे, पालघर, रायगढ़) की बात करें तो यहाँ 3,48,899 विद्यार्थी परीक्षा देंगे, जिनके लिए 1,004 केंद्र निर्धारित किए गए हैं।
नकल रोकने के कड़े कदम:
- प्रशासन ने “कॉपी-मुक्त” परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं।
- परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों (मुंबई क्षेत्र में 127 विशेष रूप से) के जरिए निगरानी रखी जाएगी।
- उड़न दस्तों (Flying Squads) की नियुक्ति की गई है जो केंद्रों का औचक निरीक्षण करेंगे।
छात्रों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश
मंडल ने स्पष्ट किया है कि छात्रों को परीक्षा केंद्र पर समय से कम से कम 30 मिनट पहले पहुँचना अनिवार्य है। मोबाइल फोन या किसी भी इलेक्ट्रॉनिक गैजेट को ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है।
परीक्षा केवल आपकी शैक्षणिक योग्यता का परीक्षण है, जीवन का नहीं। शांत मन से और बिना किसी दबाव के परीक्षा दें।” — शिक्षा मंडल का संदेश।































