आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के भीतर हलचल तेज है। मिली जानकारी के अनुसार, संगठन के सरगना मसूद अजहर के बड़े भाई मोहम्मद ताहिर अनवर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। ताहिर अनवर न केवल मसूद का भाई था, बल्कि जैश की आतंकी गतिविधियों और रणनीतिक संचालन में सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ माना जाता था। हालांकि, उसकी मौत के सटीक कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो सका है, जिससे कई तरह की चर्चाएं गर्म हैं।
आतंकी प्रशिक्षण और रणनीतियों का था ‘दिमाग’
मोहम्मद ताहिर अनवर जैश-ए-मोहम्मद के कैडरों को प्रशिक्षित करने में सीधे तौर पर शामिल था। वह संगठन के भीतर उन चुनिंदा चेहरों में से एक था, जो भारत विरोधी अभियानों की रूपरेखा तैयार करते थे। सीमा पार से घुसपैठ और आतंकी हमलों की साजिश रचने में उसकी भूमिका बेहद अहम मानी जाती थी। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि अनवर की मौत संगठन के लिए एक अपूरणीय क्षति है, क्योंकि वह जैश की कार्यप्रणाली और वित्तीय प्रबंधन को भी करीब से देखता था।
संगठन के लिए ‘ब्लैक डे’
जैश-ए-मोहम्मद के लिए यह एक बड़ा झटका माना जा रहा है। मसूद अजहर की खराब सेहत और अब उसके सबसे भरोसेमंद भाई ताहिर अनवर की मौत ने संगठन की कमान को कमजोर कर दिया है। पिछले कुछ समय से जैश के कई शीर्ष कमांडरों के खात्मे के बाद, ताहिर ही संगठन की रणनीतिक और आतंकी गतिविधियों को एकजुट रखने का प्रयास कर रहा था।
संदिग्ध मौत पर उठ रहे सवाल
ताहिर अनवर की मौत को लेकर पाकिस्तान में रहस्य बना हुआ है। सुरक्षा एजेंसियों और अंतरराष्ट्रीय खुफिया संगठनों की नजर इस बात पर है कि क्या यह सामान्य मौत है या इसके पीछे कोई आंतरिक गुटबाजी या अन्य कारण शामिल हैं। फिलहाल, जैश के भीतर शोक की लहर है और सुरक्षा एजेंसियां इस घटनाक्रम के बाद सीमा पर चौकसी और बढ़ा रही हैं ताकि किसी भी संभावित हताशा वाली प्रतिक्रिया को रोका जा सके।




























