महाराष्ट्र की राजनीति के वरिष्ठ नेता और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) की तबीयत को लेकर पिछले कुछ दिनों से चर्चा तेज है। 85 वर्षीय शरद पवार को पहले पुणे के रूबी हॉल क्लिनिक में भर्ती कराया गया था। वहां दो दिनों तक डॉक्टरों की निगरानी और जरूरी मेडिकल जांच के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
लेकिन पुणे से डिस्चार्ज होने के कुछ ही घंटों बाद उन्हें मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी बेटी और बारामती से सांसद सुप्रिया सुले ने सोशल मीडिया के जरिए इस बात की जानकारी दी।
हालांकि, ताजा मेडिकल जानकारी के मुताबिक शरद पवार (Sharad Pawar की हालत स्थिर है और उन्हें नियमित मेडिकल जांच के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। फिलहाल उनकी तबीयत पहले से ज्यादा बिगड़ने की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
शरद पवार को आखिर अस्पताल में भर्ती क्यों कराया गया?
मिली जानकारी के मुताबिक, 2 नवंबर 2026 को शरद पवार (Sharad Pawar को खांसी और सीने में दर्द की शिकायत हुई थी। इसके बाद उन्हें पुणे के रूबी हॉल क्लिनिक में भर्ती कराया गया।
डॉक्टरों ने उनकी सेहत को ध्यान में रखते हुए कई मेडिकल जांच कीं और उन्हें अपनी निगरानी में रखा। इस दौरान उनके स्वास्थ्य से जुड़े जरूरी पैरामीटर्स की लगातार जांच की गई।
शुरुआत में सामने आई जानकारी के अनुसार, उन्हें खांसी के साथ सीने में दर्द की परेशानी थी। डॉक्टरों ने इसे प्ल्यूरिटिक पेन यानी सांस लेने, खांसने या छींकने के दौरान बढ़ने वाले सीने के दर्द के रूप में बताया।
इस तरह के दर्द के कई संभावित कारण हो सकते हैं। हालांकि, शरद पवार (Sharad Pawar) के मामले में किसी खास बीमारी की पुष्टि नहीं की गई है। इसलिए उनकी परेशानी को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना सही नहीं होगा।
दो दिन बाद पुणे के अस्पताल से मिली छुट्टी
पुणे के रूबी हॉल क्लिनिक में लगभग दो दिनों तक डॉक्टरों की निगरानी में रहने के बाद 4 नवंबर को शरद पवार (Sharad Pawar) को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
रूबी हॉल क्लिनिक के चेयरमैन और मुख्य हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. पुरवेज के. ग्रांट की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, शरद पवार की हालत स्थिर थी और उनकी तबीयत में सुधार हुआ था।
उनकी मेडिकल जांच की रिपोर्ट में भी कोई ऐसी गंभीर चिंता सामने नहीं आई थी, जिसके कारण उन्हें अस्पताल में रखने की जरूरत पड़ती।
परिवार के करीबी विट्ठल मणियार ने भी बताया कि उनकी रिपोर्ट संतोषजनक थी और चिंता की कोई बड़ी बात नहीं थी। उन्होंने लोगों से शरद पवार की सेहत को लेकर घबराने की जरूरत नहीं होने की अपील की थी।
पुणे से छुट्टी मिलने के कुछ घंटे बाद मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती
शरद पवार (Sharad Pawar) के अस्पताल से डिस्चार्ज होने के बाद उनके समर्थकों ने राहत की सांस ली थी। लेकिन उसी दिन शाम को एक बार फिर उनके अस्पताल में भर्ती होने की खबर सामने आई।
उन्हें मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी बेटी और बारामती की सांसद सुप्रिया सुले ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी साझा की।
उन्होंने बताया कि शरद पवार (Sharad Pawar) को आगे की मेडिकल जांच के लिए ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है। साथ ही उन्होंने लोगों का चिंता और शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद भी किया।
इस खबर के सामने आने के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल बढ़ गई। पार्टी कार्यकर्ताओं और उनके समर्थकों के बीच उनकी सेहत को लेकर चिंता देखने को मिली।
हालांकि, मुंबई के अस्पताल में भर्ती किए जाने का मतलब ये नहीं है कि उनकी हालत अचानक गंभीर हो गई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उन्हें आगे की जांच और मेडिकल देखरेख के लिए भर्ती कराया गया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी फोन कर जाना हाल
शरद पवार (Sharad Pawar) की सेहत को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनसे फोन पर बातचीत की और उनका हालचाल जाना।
शरद पवार (Sharad Pawar) के करीबी विट्ठल मणियार के मुताबिक, प्रधानमंत्री ने उनसे बातचीत के दौरान पूरी तरह आराम करने की सलाह दी।
प्रधानमंत्री ने उनकी सेहत को लेकर चिंता जताई और जल्द स्वस्थ होने की कामना की। बताया गया कि शरद पवार (Sharad Pawar) ने भी प्रधानमंत्री का फोन करने और उनकी सेहत की जानकारी लेने के लिए आभार जताया।
ये बातचीत ऐसे समय में हुई, जब शरद पवार (Sharad Pawar) पुणे के अस्पताल से डिस्चार्ज होने की तैयारी में थे।
कौन हैं शरद पवार और महाराष्ट्र की राजनीति में उनका कितना बड़ा योगदान है?
शरद पवार (Sharad Pawar) महाराष्ट्र की राजनीति के सबसे अनुभवी और प्रभावशाली नेताओं में गिने जाते हैं। उनका जन्म 12 दिसंबर 1940 को महाराष्ट्र के बारामती में हुआ था। उन्होंने बहुत कम उम्र में राजनीति में कदम रखा और धीरे-धीरे महाराष्ट्र की राजनीति में अपनी मजबूत पहचान बनाई।
उनके राजनीतिक सफर की कुछ महत्वपूर्ण बातें इस प्रकार हैं:
1978: पहली बार महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बने।
1988: दूसरी बार महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी संभाली।
1990: तीसरी बार मुख्यमंत्री बने।
1991: केंद्र सरकार में रक्षा मंत्री बने।
1993: फिर से महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बने।
1999: कांग्रेस से अलग होने के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की स्थापना की।
2004 से 2014: केंद्र सरकार में कृषि मंत्री के रूप में कार्य किया।
शरद पवार (Sharad Pawar) ने दशकों तक महाराष्ट्र और राष्ट्रीय राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यही वजह है कि उनकी सेहत से जुड़ी हर खबर पर राजनीतिक गलियारों से लेकर आम लोगों तक की नजर बनी रहती है।
शरद पवार की सेहत पर अभी क्या है ताजा अपडेट?
5 नवंबर 2026 को सामने आई जानकारी के अनुसार, शरद पवार (Sharad Pawar) मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में नियमित मेडिकल जांच के लिए भर्ती हैं।
रूबी हॉल क्लिनिक की ओर से जारी बयान में उन्हें स्थिर और स्वस्थ बताया गया था। उनके करीबी लोगों ने भी मेडिकल रिपोर्ट को संतोषजनक बताया है।
फिलहाल उनकी किसी गंभीर बीमारी या नई स्वास्थ्य समस्या की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। अस्पताल में आगे की जांच से जुड़ी विस्तृत जानकारी का इंतजार है।


























