महाराष्ट्र राज्य माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (MSBSHSE) द्वारा आयोजित कक्षा बारहवीं की परीक्षाएं आज से पूरे राज्य में शुरू हो रही हैं। 10 मार्च से 18 मार्च तक चलने वाली इस शैक्षिक अग्निपरीक्षा के लिए मुंबई, ठाणे, पालघर और रायगड में तैयारियां मुकम्मल कर ली गई हैं। इस वर्ष प्रशासन का मुख्य जोर ‘कॉपी-मुक्त’ परीक्षा और विद्यार्थियों की सुविधा पर है।
छात्रों का आंकड़ा: वाणिज्य और विज्ञान में कांटे की टक्कर
इस वर्ष मुंबई संभाग (मुंबई, ठाणे, पालघर और रायगड) से कुल 3,50,015 विद्यार्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। आंकड़ों का विश्लेषण करें तो इस बार वाणिज्य संकाय के छात्रों की संख्या सबसे अधिक है, जबकि विज्ञान संकाय भी बहुत पीछे नहीं है।
संकाय वार आंकड़ों पर एक नजर:
- वाणिज्य (Commerce): 1,68,880 विद्यार्थी
- विज्ञान (Science): 1,31,522 विद्यार्थी
- कला (Arts): 46,026 विद्यार्थी
- मुंबई शहर से कुल छात्र: 1,52,084
नकल पर नकेल: पहली बार CCTV और उड़नदस्ते
बोर्ड के प्रभारी अध्यक्ष नंदकुमार बेड़से के अनुसार, परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए इस बार कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
- CCTV निगरानी: इतिहास में पहली बार सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
- सतर्कता दस्ते: नकल रोकने के लिए विशेष ‘उड़नदस्ते’ (Flying Squads) तैनात किए गए हैं, जो केंद्रों का औचक निरीक्षण करेंगे।
- कुल केंद्र: मुंबई संभाग में कुल 1,340 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
सुविधाओं का ख्याल: बस सेवा और निर्बाध बिजली
विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने और पेपर देने में कोई असुविधा न हो, इसके लिए बोर्ड ने अन्य सरकारी विभागों से समन्वय साधा है:
- अतिरिक्त बसें: महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन महामंडल (MSRTC) को पत्र लिखकर अनुरोध किया गया है कि परीक्षा के समय पर विशेष और अतिरिक्त बसें चलाई जाएं ताकि छात्र देरी से बचें।
- पावर बैकअप: बिजली विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि परीक्षा के दौरान किसी भी केंद्र पर बिजली कटौती (Load Shedding) न की जाए, ताकि विद्यार्थी शांत और ठंडे माहौल में पेपर लिख सकें।
बोर्ड का संदेश: “विद्यार्थियों को तनावमुक्त होकर परीक्षा देनी चाहिए। हमने पारदर्शी माहौल सुनिश्चित करने के लिए सभी तकनीकी और प्रशासनिक सुरक्षा उपाय किए हैं।






























