मंगलवार को गुजरात की धरती से पीएम मोदी ने एक तरफ वैश्विक अस्थिरता के बीच भारत की आर्थिक सुरक्षा का भरोसा दिलाया, तो दूसरी तरफ विपक्ष की नकारात्मक राजनीति पर कड़ा प्रहार किया। वाव थराद के नानी गांव से लेकर साणंद के सेमीकंडक्टर प्लांट तक, पीएम के संबोधन में ‘सावधानी’ और ‘सृजन’ का अनूठा संगम देखने को मिला।
राजनीति के गिद्ध’ और पश्चिम एशिया का संघर्ष
प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उसे ‘राजनीति का गिद्ध’ करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि जब पूरी दुनिया पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) के तनावपूर्ण संघर्ष से चिंतित है, तब कांग्रेस इस मानवीय और वैश्विक संकट में अपना सियासी फायदा तलाश रही है।
* दहशत और अफवाह की राजनीति: पीएम ने कहा कि कांग्रेस लोगों के बीच डर फैलाकर अराजकता पैदा करना चाहती है। उन्होंने जनता को आगाह किया कि विपक्ष ने लोगों को पेट्रोल पंपों पर कतार लगाने के लिए उकसाया और देश में सार्वजनिक अव्यवस्था फैलाने की कोशिश की।
* महंगाई का वैश्विक सच: मोदी ने स्पष्ट किया कि कई विकसित देशों में ईंधन की कीमतें 10% से 25% तक बढ़ गई हैं। लेकिन भारत ने अपनी कुशलता से इस बोझ को आम आदमी के कंधों पर नहीं आने दिया।
साणंद: भारत की ‘डिजिटल आत्मनिर्भरता’ का नया अध्याय
राजनीतिक प्रहार के बाद प्रधानमंत्री ने साणंद में भविष्य के भारत की नींव रखी। उन्होंने 3,300 करोड़ रुपये की लागत से बने कायनेस टेक्नोलॉजी (Kaynes Technology) सेमीकंडक्टर प्लांट का उद्घाटन किया।
प्लांट की मुख्य विशेषताएं:
* उत्पादन क्षमता: इस प्लांट में अब विधिवत उत्पादन शुरू हो गया है, जहां प्रतिदिन 7 लाख से अधिक चिप्स बनाई जाएंगी।
* सेमीकंडक्टर हब: साणंद अब भारत के ‘सेमीकंडक्टर हब’ के रूप में उभर रहा है, जो वैश्विक सप्लाई चेन में चीन और ताइवान जैसे देशों पर भारत की निर्भरता कम करेगा।
* तकनीकी क्रांति: यह प्लांट न केवल रोजगार पैदा करेगा, बल्कि भारत को ‘चिप मेकिंग’ की वैश्विक दौड़ में अग्रणी पंक्ति में खड़ा कर देगा।
नानी गांव से नया आगाज: वाव थराद जिला
प्रशासनिक दृष्टि से भी यह दिन महत्वपूर्ण रहा। प्रधानमंत्री ने वाव थराद को नए जिले के रूप में संबोधित किया। नानी गांव की जनसभा में उन्होंने कहा कि छोटे प्रशासनिक ढांचे से विकास की रफ्तार तेज होती है और लोगों की समस्याओं का समाधान घर के पास ही मिल जाता है।
विकास और सुरक्षा की दोहरी रणनीति
प्रधानमंत्री का यह दौरा संदेश देता है कि केंद्र सरकार एक तरफ वैश्विक चुनौतियों से देश की अर्थव्यवस्था (पेट्रोल-डीजल के दाम) को सुरक्षित रख रही है, तो दूसरी तरफ ‘मेक इन इंडिया’ के तहत भविष्य की तकनीक (चिप निर्माण) में निवेश कर रही है। कांग्रेस पर उनका प्रहार यह बताता है कि आने वाले चुनावों में ‘राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय स्थिति’ बड़े चुनावी मुद्दे रहने वाले हैं।
पीएम का संदेश: “दुनिया संघर्ष कर रही है, लेकिन भारत शांति और प्रगति के पथ पर अडिग है। हम अफवाहों से नहीं, ठोस उपलब्धियों से देश का भविष्य गढ़ रहे हैं।”
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