देश-विदेश

मौसम का महा-अलर्ट: ‘पश्चिमी विक्षोभ’ की डबल मार, 21 राज्यों में आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का संकट, पहाड़ों से मैदानों तक कुदरत का कोहराम

मौसम का महा-अलर्ट
Image Source - Web

मौसम का महा-अलर्ट: नई दिल्ली। देश के मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) की दस्तक के साथ ही मंगलवार, 7 अप्रैल से उत्तर भारत सहित देश के बड़े हिस्से में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, इस मौसमी सिस्टम का असर 10 अप्रैल तक बना रहेगा, जिसमें 7 और 8 अप्रैल को मौसम अपने सबसे रौद्र रूप में होगा। राहत की उम्मीद अभी कम है, क्योंकि 11 अप्रैल से एक और नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है।

पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानों में बारिश का ‘डबल अटैक’
पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से हिमालयी राज्यों में भारी हलचल देखी जा रही है।
* भारी अलर्ट: जम्मू-कश्मीर में 7 अप्रैल और हिमाचल प्रदेश में 8 अप्रैल को भारी बारिश और हिमपात (Snowfall) की चेतावनी जारी की गई है।
* पहाड़ी राज्य: उत्तराखंड सहित तीनों पहाड़ी राज्यों में 10 अप्रैल तक बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहेगा, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जा सकती है।
* मैदानी इलाके: पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान में 7 और 8 अप्रैल को धूल भरी आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। कई इलाकों में ओलावृष्टि (Hailstorm) किसानों की चिंता बढ़ा सकती है।

मध्य और पूर्वी भारत: ओले और आंधी का खतरा
मौसम विभाग ने केवल उत्तर ही नहीं, बल्कि मध्य और पूर्वी भारत के लिए भी कड़े निर्देश जारी किए हैं।

* बिहार-झारखंड: बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में अगले 48 घंटों में तेज आंधी और ओले गिरने की प्रबल आशंका है। विशेष रूप से 8 अप्रैल को बिहार और झारखंड के कई जिलों में भारी ओलावृष्टि का अलर्ट है।
* मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़: इन राज्यों में अगले 3-4 दिनों तक तेज हवाओं के साथ रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है, जिससे गर्मी से तो राहत मिलेगी लेकिन फसलों को नुकसान पहुँच सकता है।
पूर्वोत्तर भारत: भारी बारिश और बिजली गिरने का संकट
देश के पूर्वी छोर पर भी प्रकृति का प्रकोप जारी रहेगा। अगले 5 दिनों तक पूर्वोत्तर राज्यों में व्यापक बारिश और वज्रपात (Lightning) की संभावना है।
* रेड अलर्ट: अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय और नागालैंड में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।

11 अप्रैल से फिर नया सिस्टम
राहत की बात यह है कि 10 अप्रैल के बाद मैदानी इलाकों में मौसम कुछ साफ हो सकता है, लेकिन 11 अप्रैल से आने वाला एक और नया पश्चिमी विक्षोभ ऊंचे पहाड़ी इलाकों में फिर से हलचल पैदा करेगा। हालांकि, इसका असर केवल ऊंचाई वाले क्षेत्रों तक ही सीमित रहने का अनुमान है।

सावधानी और सुझाव:
* किसानों के लिए: कटी हुई फसल या खुले में रखे अनाज को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचा दें। ओलावृष्टि से बचाव के उपाय करें।
* आम जनता: आंधी और बिजली चमकने के दौरान पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।
यात्री: पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने वाले लोग लैंडस्लाइड और बर्फबारी की चेतावनी को ध्यान में रखकर ही अपनी योजना बनाएं।

ये भी पढ़ें: मुंबई में ड्रग्स के खिलाफ आधी रात का ‘सर्जिकल स्ट्राइक’: 7.69 करोड़ का हाई-प्रोफाइल हाइड्रोपोनिक गांजा जब्त, मीरा रोड का तस्कर गिरफ्तार

You may also like