महाराष्ट्र

बैल की मौत के बाद खुद बैल बनी किसान की पत्नी, लातूर की दर्दनाक तस्वीर ने पूरे देश को झकझोरा

लातूर

महाराष्ट्र के लातूर जिले से एक ऐसी तस्वीर सामने आई जिसने पूरे देश को भावुक कर दिया। खेती-किसानी के संकट और किसानों की मजबूरियों को उजागर करने वाली इस घटना में एक किसान परिवार को बैल की मौत के बाद खुद खेत जोतने के लिए मजबूर होना पड़ा। खेत में बैल की जगह किसान की पत्नी को हल खींचते हुए देखा गया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।

ये घटना लातूर जिले की देवनी तहसील के बोंबली खुर्द गांव की है, जहां किसान काशीनाथ गायकवाड़ और उनकी पत्नी हौसाबाई ने अपनी कठिन परिस्थितियों के बीच खेती का काम जारी रखने के लिए असाधारण संघर्ष का परिचय दिया।

आकाशीय बिजली गिरने से बैल की मौत

मिली जानकारी के अनुसार, 5 जून को क्षेत्र में हुई बारिश और आकाशीय बिजली की घटना के दौरान काशीनाथ गायकवाड़ के दो बैलों में से एक बैल की मौत हो गई। ये बैल उनके लिए खेती का मुख्य सहारा था। बैल की मौत के बाद परिवार के सामने सबसे बड़ी चुनौती 8 एकड़ खेत की जुताई पूरी करने की थी।

पहले से आर्थिक तंगी और कर्ज के बोझ से जूझ रहे परिवार के लिए नया बैल खरीदना संभव नहीं था। वहीं दूसरा पशु किराए पर लेना भी उनकी पहुंच से बाहर था।

जब पत्नी ने संभाली बैल की जगह

खेती का मौसम शुरू होने वाला था और खेत की जुताई बेहद जरूरी थी। ऐसे में किसान की पत्नी हौसाबाई ने बैल की जगह खुद हल से जुड़ने का फैसला किया। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि वो अपने कंधों पर जुआ उठाकर हल खींच रही हैं, जबकि परिवार खेती का काम पूरा करने की कोशिश कर रहा है।

ये दृश्य केवल एक परिवार की मजबूरी नहीं बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में कई किसानों के सामने मौजूद आर्थिक चुनौतियों की तस्वीर भी पेश करता है।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

किसान दंपति की ये तस्वीर और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आते ही तेजी से वायरल हो गया। लोगों ने इस घटना पर चिंता जताई और किसान परिवार की मदद की मांग की।

वीडियो ने राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा पैदा कर दी। कई नेताओं ने इसे किसानों की गंभीर स्थिति का उदाहरण बताते हुए सरकार से तत्काल सहायता की मांग की।

विपक्षी नेताओं ने उठाई आवाज

एनसीपी (एसपी) के विधायक रोहित पवार ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा करते हुए इसे अन्नदाता की दर्दनाक स्थिति बताया। उन्होंने कहा कि जो किसान पूरे देश का पेट भरते हैं, यदि उनका परिवार जानवरों की जगह खुद खेत जोतने को मजबूर हो जाए तो ये बेहद चिंताजनक और दुखद स्थिति है।

शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के विधान परिषद सदस्य अंबादास दानवे ने भी इस मामले पर चिंता व्यक्त की और किसान परिवार को तत्काल सहायता देने की मांग की।

मुख्यमंत्री तक पहुंचा मामला

वीडियो वायरल होने के बाद ये मामला महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस तक पहुंचा। मुख्यमंत्री के निर्देश पर प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। लातूर जिला प्रशासन और संबंधित विभागों के अधिकारियों ने किसान परिवार से संपर्क किया और उनकी स्थिति का आकलन किया।

सरकार ने उपलब्ध कराया नया बैल

प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के बाद किसान काशीनाथ गायकवाड़ को नया बैल उपलब्ध कराया गया। इसके साथ ही आकाशीय बिजली से पशु की मौत के मामले में सरकारी नियमों के तहत आर्थिक सहायता की प्रक्रिया भी पूरी की गई।

जिला प्रशासन के अनुसार, आवश्यक पंचनामा और अन्य औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं तथा स्वीकृत मुआवजा राशि सीधे किसान के बैंक खाते में जमा की जा रही है।

कर्ज और संघर्ष के बीच गुजर रहा जीवन

गायकवाड़ परिवार के पास अपनी खेती योग्य जमीन नहीं है। वे ठेके पर जमीन लेकर खेती करते हैं और उसी से परिवार का गुजारा चलता है। परिवार पहले से ही आर्थिक कठिनाइयों और कर्ज के बोझ का सामना कर रहा है।

चार बेटियों और दो बेटों की शादी कर चुके इस परिवार का जीवन लगातार संघर्षों से भरा रहा है। बैल की मौत ने उनकी परेशानियों को और बढ़ा दिया था।

एक तस्वीर जिसने किसानों की हकीकत दिखा दी

लातूर की ये घटना केवल एक किसान परिवार की कहानी नहीं है, बल्कि उन हजारों किसानों की वास्तविकता को सामने लाती है जो सीमित संसाधनों, प्राकृतिक आपदाओं और आर्थिक चुनौतियों के बीच खेती करने को मजबूर हैं।

हालांकि प्रशासन की मदद से इस परिवार को राहत मिली है, लेकिन ये घटना ग्रामीण भारत में किसानों के सामने मौजूद चुनौतियों और उनके संघर्षों की एक गंभीर तस्वीर पेश करती है।

ये भी पढ़ें: मुंबई में रेस्टोरेंट टूटे, सवाल नहीं: आखिर किसकी निगरानी में खड़े हुए ये निर्माण?

You may also like