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माइंस का जाल हटाने में लगेंगे 6 महीने! बंद रहेगा होर्मुज, पेंटागन ने दी चेतावनी- महंगा होगा तेल

होर्मुज
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ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव का असर अब दुनिया की ऊर्जा व्यवस्था पर साफ दिखाई देने लगा है। दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में से एक होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) फिलहाल गंभीर संकट से गुजर रहा है। अमेरिकी रक्षा विभाग पेंटागन ने चेतावनी दी है कि इस क्षेत्र में बिछाई गई बारूदी सुरंगों को हटाने में करीब छह महीने का समय लग सकता है, जिससे वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति पर लंबा असर पड़ने की आशंका है।

तुरंत सामान्य नहीं होंगे हालात!

पेंटागन द्वारा अमेरिकी सांसदों को दी गई गोपनीय ब्रीफिंग में बताया गया है कि होर्मुज स्ट्रेट में सामान्य जहाजरानी जल्द बहाल होना मुश्किल है। ईरानी सेना द्वारा बड़े पैमाने पर बिछाई गई सुरंगों को हटाने का काम लंबा और जटिल हो सकता है। जब तक क्षेत्र में पूरी तरह शांति स्थापित नहीं होती, तब तक इस अभियान की शुरुआत भी संभव नहीं है।

युद्ध के बाद भी बना रहेगा असर

28 फरवरी को शुरू हुए संघर्ष के बाद से इस अहम समुद्री मार्ग पर आवाजाही प्रभावित है। भले ही भविष्य में युद्धविराम हो जाए, लेकिन इसके बावजूद हालात तुरंत सामान्य नहीं होंगे। पेंटागन का अनुमान है कि इस संकट का आर्थिक प्रभाव साल के अंत तक या उससे आगे भी जारी रह सकता है।

गोपनीय ब्रीफिंग में हुआ बड़ा खुलासा

अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ‘हाउस आर्म्ड सर्विसेज कमेटी’ के सदस्यों को दी गई ब्रीफिंग में पहली बार इतनी विस्तृत जानकारी सामने आई है। इसमें साफ कहा गया है कि सुरंगों को हटाने में लंबा समय लगेगा, जिससे ईंधन की कीमतों में राहत मिलने की संभावना फिलहाल कम है।

वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर संकट

होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिए दुनिया के बड़े हिस्से में तेल और गैस की आपूर्ति होती है। इस मार्ग में रुकावट आने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में तेजी देखी जा रही है। इसका असर सिर्फ खाड़ी देशों तक सीमित नहीं है, बल्कि दक्षिण एशिया, अमेरिका और अन्य क्षेत्रों में भी ईंधन महंगा होने की आशंका बढ़ गई है।

सीमित आवाजाही, बढ़ा खतरा

संघर्ष के बाद ईरान ने इस समुद्री मार्ग से केवल चुनिंदा जहाजों को गुजरने की अनुमति दी है, वो भी कड़ी निगरानी के बीच। माना जा रहा है कि जलडमरूमध्य में बिछाई गई बारूदी सुरंगों के कारण जोखिम और बढ़ गया है, जिससे व्यापारिक जहाजों की आवाजाही प्रभावित हो रही है।

क्यों अहम है होर्मुज जलडमरूमध्य

होर्मुज जलडमरूमध्य ईरान और ओमान के बीच स्थित एक संकरा समुद्री रास्ता है, जो फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है। ये मार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति की रीढ़ माना जाता है। इसके बाधित होने से पूरी दुनिया में तेल और गैस की कीमतों पर सीधा असर पड़ता है।

आगे क्या?

विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित नहीं होती, तब तक स्थिति में सुधार की उम्मीद कम है। ऐसे में आने वाले महीनों में वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता बनी रह सकती है और आम लोगों को महंगे ईंधन का सामना करना पड़ सकता है।

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