Mumbai। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में एक बेहद दर्दनाक और निंदनीय घटना सामने आई है। दक्षिण मुंबई के पायधोनी इलाके में एक 8 वर्षीय मासूम बच्ची के साथ कथित यौन उत्पीड़न (बलात्कार) का मामला सामने आया है। आरोपी उसी इमारत में तैनात सुरक्षा गार्ड है, जिसे पुलिस ने तुरंत गिरफ्तार कर लिया है। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में भारी आक्रोश फैल गया और सैकड़ों स्थानीय लोगों ने पायधोनी पुलिस थाने के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी को फांसी देने की मांग की।
घटना क्या है?
पुलिस के अनुसार, रविवार को पायधोनी इलाके की एक इमारत के टॉयलेट/वॉशरूम के अंदर ये घटना हुई। बच्ची खेलने के लिए घर से बाहर निकली थी। आरोपी सुरक्षा गार्ड ने मौके का फायदा उठाकर बच्ची पर अत्याचार किया। पीड़िता बच्ची को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक बच्ची की हालत फिलहाल स्थिर है।
आरोपी का नाम: परवेज (32 वर्ष), झारखंड का निवासी। वो पिछले 6 महीनों से उसी इमारत में सुरक्षा गार्ड के रूप में काम कर रहा था।
पुलिस ने तुरंत मामले में FIR दर्ज की और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को सोमवार को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस ने POCSO एक्ट समेत संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है और पूरे मामले की गहन जांच कर रही है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
थाने के बाहर प्रदर्शन
घटना की खबर फैलते ही पायधोनी इलाके में लोगों में भारी गुस्सा फैल गया। सैकड़ों स्थानीय निवासियों ने पायधोनी पुलिस थाने के बाहर जमा होकर प्रदर्शन किया। उन्होंने नारेबाजी की और आरोपी सुरक्षा गार्ड को फांसी देने की मांग की। कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम कर दिया, जिससे इलाके में यातायात प्रभावित हुआ।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने भारी सुरक्षा बल तैनात किया। महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से पूरी जानकारी ली और प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील की। उनके आने के बाद स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हुई।
अधिकारियों का बयान
मुंबई पुलिस के डीसीपी जोन-3 विजय कांत सागर ने बताया कि बच्ची का अस्पताल में इलाज जारी है और उसकी हालत स्थिर है। पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है और निष्पक्ष तरीके से कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सामाजिक प्रतिक्रिया
ये घटना हाल ही में पुणे के नासरापुर मामले (3 वर्षीय बच्ची के बलात्कार-हत्या) के फैसले के बाद आई है, जिससे लोगों में पहले से ही आक्रोश था। एनसीपी (एसपी) विधायक रोहित पवार ने घटना को बेहद गंभीर बताते हुए सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया दी।
बच्चों की सुरक्षा पर सवाल
मुंबई जैसे महानगर में बच्चों की सुरक्षा को लेकर ये घटना एक बार फिर सवाल उठाती है। विशेष रूप से आवासीय इमारतों में सुरक्षा कर्मियों की पृष्ठभूमि जांच (background verification) और बच्चों की निगरानी के लिए सख्त दिशानिर्देशों की जरूरत पर जोर दिया जा रहा है।
NOTE: ये मामला अत्यंत संवेदनशील है। पुलिस जांच जारी है और आरोपी पर अदालत का फैसला आना बाकी है। हम सभी से अपील करते हैं कि बच्ची और परिवार की गोपनीयता का सम्मान करें। ऐसे अपराधों पर सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि समाज में मासूमों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।




























