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Good News: महाराष्ट्र में फिर शुरू हुई वाहन फिटनेस और पासिंग सेवाएं, अक्टूबर 2026 तक के लिए मिली मोहलत

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मुंबई: महाराष्ट्र के परिवहन क्षेत्र से एक राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से बंद पड़ी कमर्शियल वाहनों की फिटनेस टेस्टिंग और पासिंग सेवाएं अब दोबारा शुरू कर दी गई हैं। केंद्र सरकार द्वारा दी गई नई मोहलत के बाद लाखों वाहन मालिकों और ऑपरेटरों को बड़ी राहत मिली है।

दरअसल, केंद्र सरकार ने ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (ATS) प्रणाली के पूर्ण कार्यान्वयन की समयसीमा को बढ़ाकर अब अक्टूबर 2026 तक कर दिया है। इस फैसले के बाद राज्य में मैनुअल फिटनेस टेस्टिंग को फिर से शुरू करने की अनुमति मिल गई है, जिससे अटकी हुई प्रक्रिया अब दोबारा पटरी पर लौटेगी।

पिछले कुछ समय से महाराष्ट्र के कई क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) में ATS सिस्टम पूरी तरह लागू नहीं हो पाया था। इसके चलते वाहन फिटनेस सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया बाधित हो गई थी। इसका सीधा असर करीब 15 लाख कमर्शियल वाहनों पर पड़ा, जिनमें ऑटो-रिक्शा, टैक्सी, स्कूल बस और मालवाहक वाहन शामिल हैं। इन वाहनों के संचालन में भी परेशानी आने लगी थी।

इस समस्या की शुरुआत 26 दिसंबर 2025 को जारी निर्देशों के बाद हुई थी, जब सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय Ministry of Road Transport and Highways ने ये तय किया था कि जहां ATS केंद्र मौजूद हैं, वहां मैनुअल फिटनेस परीक्षण बंद कर दिया जाएगा। इसके अलावा ‘वाहन’ पोर्टल पर तकनीकी प्रतिबंधों के कारण कई जिलों में फिटनेस प्रमाणपत्र जारी करना संभव नहीं हो पा रहा था।

स्थिति इतनी गंभीर हो गई थी कि पूरे महाराष्ट्र में केवल नासिक में एक ATS केंद्र उपलब्ध था। ऐसे में दूर-दराज के जिलों के वाहन मालिकों के लिए वहां जाकर फिटनेस टेस्ट कराना बेहद कठिन हो रहा था। इससे परिवहन सेवाएं भी प्रभावित होने लगी थीं।

अब केंद्र सरकार के इस फैसले के बाद परिवहन ऑपरेटरों ने राहत की सांस ली है। ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष बल मलकीत सिंह ने कहा कि ये निर्णय लंबे समय से किए जा रहे प्रयासों का परिणाम है और इससे लाखों लोगों की आजीविका सुरक्षित होगी। जब तक राज्य के सभी जिलों में पर्याप्त ATS केंद्र स्थापित नहीं हो जाते, तब तक ये अंतरिम व्यवस्था बेहद जरूरी है।

महाराष्ट्र में वर्तमान में 56 क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) कार्यरत हैं, जहां वाहनों के पंजीकरण और ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़े कार्य किए जाते हैं। नई व्यवस्था के लागू होने से अब इन कार्यालयों में फिटनेस और पासिंग सेवाएं सुचारू रूप से जारी रह सकेंगी।

वाहन फिटनेस सेवाओं की बहाली से न केवल परिवहन क्षेत्र को गति मिलेगी, बल्कि लाखों वाहन मालिकों और ड्राइवरों को भी बड़ी राहत मिलेगी। अक्टूबर 2026 तक की मोहलत राज्य में ATS सिस्टम को मजबूत करने का अवसर भी प्रदान करेगी।

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